गुरुपूर्णिमा : सद्गुरु-तत्त्व, आत्मजागरण एवं भारतीय ज्ञान-परम्परा का सनातन महापर्व
– डॉ. अभिषेक कुमार उपाध्याय भारतवर्ष की सनातन संस्कृति केवल विविध पर्वों, उत्सवों और अनुष्ठानों की परम्परा नहीं है, अपितु वह मानव-जीवन को लौकिकता से अलौकिकता, सीमितता से अनन्तता तथा अज्ञान से ब्रह्मज्ञान की ओर अग्रसर करने वाली दिव्य जीवन-पद्धति है। यहाँ प्रत्येक पर्व केवल कालगणना का सूचक नहीं, अपितु आत्मपरिष्कार, सांस्कृतिक जागरण और आध्यात्मिक … Read more