काठीघोड़ा के गोबिंदपुर में डायक में भयंकर धंसाव, लोगों में दहशत—बरसात में भीषण बाढ़ की आशंका
काछार जिले के काठीघोड़ा विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत गोबिंदपुर गांव में एक बार फिर बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। रविवार रात आए तेज चक्रवाती तूफान और ओलावृष्टि के कारण गांव के पास नदी के डायके (बांध) का एक हिस्सा धंस गया, जिससे इलाके में दहशत का माहौल है।
स्थानीय समाजसेवी विजय दास, जीपी सदस्य और जागरूक नागरिकों का कहना है कि यदि समय रहते स्थिति पर नियंत्रण नहीं किया गया, तो वर्ष 2004 जैसी भयावह बाढ़ की पुनरावृत्ति हो सकती है। उन्होंने बताया कि करीब दो साल पहले मुख्यमंत्री के निर्देश पर काठीघोड़ा क्षेत्र में करोड़ों रुपये की विकास योजनाएं चलाई गई थीं, जिनमें गोबिंदपुर के नदी बांध की मरम्मत भी शामिल थी।
हालांकि, ग्रामीणों का आरोप है कि ठेकेदार और संबंधित विभाग के कुछ अधिकारियों की लापरवाही के कारण कार्य की गुणवत्ता ठीक नहीं रही। पिछले वर्ष भी कई स्थानों पर बांध की कमजोरी सामने आई थी, और इस बार तूफान-ओलावृष्टि ने स्थिति को और गंभीर बना दिया है।
सोमवार सुबह जब ग्रामीणों ने बांध का जायजा लिया, तो वे स्थिति देखकर चिंतित हो उठे। लोगों को आशंका है कि लगातार बारिश होने पर कई घर नदी में समा सकते हैं।
इस बीच प्रभावित ग्रामीणों ने मीडिया के माध्यम से राज्य के मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत विश्व शर्मा और स्थानीय विधायक कमलाक्ष दे पुरकायस्थ का ध्यान इस ओर आकर्षित करते हुए तत्काल स्थायी समाधान की मांग की है।