विश्व पर्यावरण दिवस पर उधारबंद सर्किल कार्यालय में वृक्षारोपण एवं जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
निहार कांति राय उधारबंद, 5 जून। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर उधारबंद सर्किल कार्यालय में नवागत सर्किल अधिकारी प्राणबानंद दोयारा की पहल पर शुक्रवार को एक व्यापक पर्यावरण जागरूकता एवं वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के आयोजन में जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) के करणजीत धर ने सहयोग प्रदान किया।
कार्यक्रम के प्रथम सत्र में विश्व पर्यावरण दिवस के महत्व एवं पर्यावरण संरक्षण की आवश्यकता पर एक विचार-विमर्श सभा आयोजित की गई। इस अवसर पर उधारबंद विकासखंड की बीडीओ साधना काथारपी, उधारबंद ब्लॉक प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के एसडीएमओ डॉ. अर्जुन प्रसाद गोयाला, काछाकांति सेवा समिति के महासचिव अंशुमान दत्ता, शिक्षक शरदिन्दु भट्टाचार्य, बराक उपत्यका बंग साहित्य एवं संस्कृति सम्मेलन की उधारबंद आंचलिक समिति के अध्यक्ष भास्कर दास, उपाध्यक्ष नीहार कांति राय, बीईईओ सतीश कुमार कैरी तथा एनडीआरएफ के आनंद बरुआ सहित अन्य वक्ताओं ने अपने विचार व्यक्त किए।
वक्ताओं ने पर्यावरण प्रदूषण के विभिन्न पहलुओं पर प्रकाश डालते हुए कहा कि वैश्विक तापमान वृद्धि (ग्लोबल वार्मिंग) के कारण पृथ्वी के जीव-जंतुओं और समस्त जीव-जगत पर गंभीर दुष्प्रभाव पड़ रहा है। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण को सामूहिक जिम्मेदारी बताते हुए सभी से प्रकृति की रक्षा का संकल्प लेने का आह्वान किया। वक्ताओं ने कहा कि पर्यावरण को प्रदूषित होने से बचाने के लिए प्रत्येक व्यक्ति को अपने स्तर पर जिम्मेदारी निभानी होगी।
इसके पश्चात सर्किल अधिकारी प्राणबानंद दोयारा ने अपने संबोधन में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया और सभी को अधिक से अधिक वृक्षारोपण करने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के द्वितीय सत्र में वृक्षारोपण अभियान चलाया गया। सर्किल अधिकारी प्राणबानंद दोयारा ने वृक्षारोपण कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इसके बाद बीडीओ साधना काथारपी, डॉ. अर्जुन प्रसाद गोयाला तथा अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने विभिन्न प्रजातियों के पौधे रोपकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।
कार्यक्रम में बराक बंग साहित्य एवं संस्कृति सम्मेलन, उधारबंद आंचलिक समिति के जिला सह-उपाध्यक्ष ब्रजेश्वर सिंह, आंचलिक समिति के महासचिव नुरुल हुदा, सदस्य बिजन चक्रवर्ती तथा एनडीआरएफ क्यूआरटी के कर्मी सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाना तथा वृक्षारोपण के माध्यम से हरित एवं स्वच्छ वातावरण के निर्माण का संदेश देना था।