विशेष प्रतिनिधि शिलचर, 25 सितंबर: आज दिनांक 25-09-2026, शुक्रवार को “वन्दे मातरम्” राष्ट्रगीत की रचना के 150 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में “नमामि भारतम्” कार्यक्रम का आयोजन मालूग्राम स्थित सरस्वती विद्या निकेतन में किया गया। प्रातः 11:00 बजे मालूग्राम श्री श्री पंचानन शिवबाड़ी स्थित श्यामाप्रसाद स्मृति कक्ष में विद्या भारती अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान से संबद्ध समस्त शिक्षण संस्थानों के साथ जुड़कर एक साथ गौरवपूर्ण राष्ट्रगीत “वन्दे मातरम्” का सामूहिक गायन किया गया।
उक्त कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, दक्षिण असम प्रांत के प्रांत प्रचारक माननीय श्री गौरांग राय जी उपस्थित रहे। साथ ही राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के महानगर प्रचारक श्री सुमित दास, कछार कॉलेज के सेवानिवृत्त बंगला विभागाध्यक्ष डॉ. सुमिता घोष, टी.टी. कॉलेज की प्राचार्या श्रीमती अपर्णा भट्टाचार्य तथा शहर के अनेक प्रतिष्ठित नागरिक, विभिन्न सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधि, अपने विद्यालय सहित विभिन्न विद्यालयों के विद्यार्थी, प्रधानाचार्य एवं प्रधानाचार्या, शिक्षक-शिक्षिकाएँ, अभिभावकगण, विद्यालय के पूर्व आचार्य, पूर्व विद्यार्थी तथा सामान्य नागरिक उपस्थित रहे।
विद्यालय की ओर से विद्यालय प्रबंध समिति के अध्यक्ष डॉ. विश्वजीत पुरकायस्थ, सचिव श्री कृष्णचंद्र दास, प्रधान आचार्या श्रीमती अंकिता देवराय, विद्यालय के आचार्य-आचार्याएँ तथा संपूर्ण विद्यालय परिवार उपस्थित रहा।
विद्यालय की परंपरा के अनुसार दीप प्रज्वलन एवं वंदना के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम में विद्यालय प्रबंध समिति के अध्यक्ष डॉ. विश्वजीत पुरकायस्थ जी ने प्रस्ताविक भाषण प्रस्तुत किया। विद्यार्थियों ने विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से भारत माता के चरणों में अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की।
निर्धारित समय प्रातः 11:00 बजे, लगभग 1010 लोगों की उपस्थिति में, गौरवपूर्ण राष्ट्रगीत “वन्दे मातरम्” एक ही स्वर और एक ही लय में गुंजायमान हुआ। राष्ट्रगीत के इस पवित्र वातावरण में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, दक्षिण असम प्रांत के प्रांत प्रचारक माननीय श्री गौरांग राय जी ने बौद्धिक प्रदान किया। अपने मूल्यवान संबोधन में उन्होंने “वन्दे मातरम्” के गौरवशाली एवं ऐतिहासिक महत्व का विस्तारपूर्वक वर्णन किया। उन्होंने विद्यार्थियों को देशभक्ति एवं राष्ट्रप्रेम से ओत-प्रोत प्रेरणादायी संदेश दिया। उनके प्रेरणादायी बौद्धिक से विद्यार्थियों सहित उपस्थित सभी लोगों को उत्साह एवं प्रेरणा प्राप्त हुई।
“वन्दे मातरम्” राष्ट्रगीत की रचना के 150 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में विद्यालय में चित्रकला एवं निबंध प्रतियोगिताओं का भी आयोजन किया गया था। आज के इस शुभ अवसर पर प्रतियोगिताओं में प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को प्रमाण-पत्र एवं पुरस्कार प्रदान किए गए।
प्रत्येक व्यक्ति के कंठ से गुंजायमान राष्ट्रगीत ने पूरे वातावरण को पवित्र एवं गौरवमय बना दिया। सभी की गरिमामयी उपस्थिति ने इस कार्यक्रम को एक अनूठी गरिमा प्रदान करते हुए इसे पूर्ण सफलता प्रदान की।
अंत में विद्यालय प्रबंध समिति के सचिव श्री कृष्णचंद्र दास जी ने धन्यवाद ज्ञापन किया तथा विद्या भारती की परंपरा के अनुसार कल्याण मंत्र के उच्चारण के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।