धुबरी, 4 अगस्त: धुबरी जिले के 45 श्रमिकों के साथ बिहार के एक ईंट भट्ठे में काम करने गईं 7 नाबालिग लड़कियों के साथ लंबे समय से यौन और शारीरिक उत्पीड़न का मामला सामने आया है। शिकायतों के आधार पर कार्रवाई करते हुए बिहार पुलिस ने ईंट भट्ठा मालिक चुन्नी मुखिया को पॉक्सो (POCSO) कानून के तहत गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
जानकारी के अनुसार, धुबरी जिले के कई परिवार काम की तलाश में बिहार के ‘स्टार ईंट भट्ठे’ गए थे। आरोप है कि ईंट भट्ठा मालिक चुन्नी मुखिया ने 45 पुरुषों और महिलाओं को बंधक बनाकर रखा था। इसके साथ ही, उसने 7 नाबालिग लड़कियों को अलग से कैद कर उनके साथ यौन और शारीरिक अत्याचार किया। पीड़ित परिवारों द्वारा बिहार में प्राथमिकी दर्ज कराने के बाद, बिहार पुलिस ने छापेमारी कर सभी नाबालिगों और अन्य श्रमिकों को सुरक्षित बचा लिया।
रेस्क्यू के बाद 45 श्रमिकों को धुबरी जिला प्रशासन को सौंप दिया गया, जबकि जांच के सिलसिले में 7 नाबालिग लड़कियों को बिहार के एक सरकारी शेल्टर होम में रखा गया था।
मंगलवार को बिहार पुलिस इन सभी नाबालिगों को धुबरी लेकर आई और बाल कल्याण समिति (CWC), धुबरी के सुपुर्द कर दिया। फिलहाल, उनके पुनर्वास और आवश्यक कानूनी प्रक्रियाओं पर काम चल रहा है।
जिला बाल संरक्षण इकाई (DCPU) के संरक्षण अधिकारी नूर आलम ने बताया, “बिहार पुलिस ने सभी कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद आज 7 नाबालिगों को धुबरी लाकर CWC को सौंप दिया है। CWC के निर्देशों के अनुसार, उनकी सुरक्षा, काउंसलिंग और पुनर्वास के इंतजाम किए जाएंगे। मामला बेहद संवेदनशील होने के कारण नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जा रही है।”
वहीं, एक पीड़ित अभिभावक ने भावुक होकर कहा, “हमारी बेटियां काम करने गई थीं, पर हमें अंदाजा भी नहीं था कि वहां उनके साथ इतना अमानवीय व्यवहार होगा। हम समय पर मदद पहुंचाने के लिए पुलिस और प्रशासन के आभारी हैं। आरोपी को सख्त से सख्त सजा मिलनी चाहिए, ताकि किसी और परिवार के साथ ऐसा अन्याय न हो।”
मामले की विस्तृत जांच जारी है।
