गुरुचरण विश्वविद्यालय में वीर शंभुधन फोंगलो की 176वीं जयंती पर कार्यक्रम, 90 पौधे लगाए गए

गुरुचरण विश्वविद्यालय में वीर शंभुधन फोंगलो की 176वीं जयंती पर कार्यक्रम, 90 पौधे लगाए गए
शिलचर, 16 मार्च: Veer Shambhudhan Phonglo की 176वीं जयंती के अवसर पर Gurucharan University के इतिहास विभाग द्वारा सोमवार को विश्वविद्यालय के सभाकक्ष में श्रद्धा और गरिमा के साथ एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के कुलपति निरंजन राय, वीर शंभुधन फोंगलो के प्रपौत्र अजय फुंगलो तथा मुख्य वक्ता के रूप में विद्वान असित चक्रवर्ती उपस्थित थे।
कार्यक्रम की शुरुआत गणमान्य अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन तथा वीर शंभुधन फोंगलो के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर की गई। इतिहास विभाग के विभागाध्यक्ष राजनगर नार्जरी ने स्वागत भाषण देते हुए कहा कि स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान को स्मरण करना और नई पीढ़ी तक उनकी प्रेरणा पहुंचाना अत्यंत आवश्यक है।
मुख्य वक्ता असित चक्रवर्ती ने अपने व्याख्यान में वीर शंभुधन फोंगलो के जीवन, संघर्ष और स्वतंत्रता आंदोलन में उनके महत्वपूर्ण योगदान पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि उनका साहस और त्याग आज भी समाज को प्रेरित करता है।
वीर शंभुधन फोंगलो के प्रपौत्र अजय फोंगलो ने अपने संबोधन में पारिवारिक स्मृतियों को साझा करते हुए बताया कि उनके पूर्वजों की विरासत से उन्हें सेवा, साहस और समाज के प्रति समर्पण की प्रेरणा मिली है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए कुलपति प्रो. निरंजन रॉय ने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे देश के स्वतंत्रता सेनानियों के साहस और बलिदान से प्रेरणा लेकर राष्ट्र निर्माण में योगदान दें।
कार्यक्रम के अंत में इतिहास विभाग के प्राध्यापक अभिजीत जायसवाल ने धन्यवाद ज्ञापन किया। औपचारिक कार्यक्रम के बाद विश्वविद्यालय परिसर में वीर शंभुधन फोंगलो की स्मृति में 90 पौधे लगाकर वृक्षारोपण अभियान भी चलाया गया।
पूरे कार्यक्रम का संचालन अनामिका बर्मन और सायनसरिंगदाओ हागजेर ने संयुक्त रूप से किया।

Leave a Comment