” देश गान “
” देश गान ” कश्मीर से कन्याकुमारी तक असम से गुजरात तक कोटि कंठ से गूंजे एक ही स्वर जय भारती….. जय भारती… जय भारती….!! सूरज चमके तेरे ही भाल पर सर पे है ताज हिमाला…. पाँव चूमे सागर अबिरत कंठ मे गंगा की माला… जय भारती… जय भारती… जय भारती….! ऊँचे ऊँचे परबत हमारे … Read more