चाय उद्योग की सुनो पुकार-वरना होगा बंटाधार-(2)

सम्माननीय मित्रों ! आप सभी को स्मरण दिला दूं कि सन् 1951 में चाय उद्योग के हितार्थ असमिया सरकार ने-“चालिहा कमेटी” का गठन किया था धीरे-धीरे उसके सुझावों पर सरकार ने ध्यान भी दिया ! किन्तु इस बिन्दु पर यह भी उल्लेखनीय है कि ब्रम्हपूत्र बेली की अपेक्षा बराक उपत्यका के चायबागानों की समस्याओं पर कम … Read more

एक गीत

ऐसा बाग लगाओ माली, खुशबू बहे जमाने में। लूट सके सो जी भर लूटे कमी न पड़े खजाने में।। रंग बिरंगी उड़ें तितलियाँ, चिड़े-चिड़ी डालों पर खेलें। कलियों पर भँवरे मण्डराएँ, पेड़ों से लिपटीं हों बेलें।। मद्धिम-मद्धिम चलें बयारें, मस्ती की झर उठें फुहारें, कोई कसर न रहे प्रीति की, परिभाषा बतलाने में।। ऐसा बाग————।।1।। … Read more

सती की परीक्षा

  गरीब नंदू लकङी काटकर लाता कुछ अपने घर में रखकर बाकी दुकानदार को दे देता था लेकिन हमेशा टोटा ही रहता। उसकी पत्नी शुशीला विश्व सुंदरी थी लेकिन फटे कपडे पहन कर दुकानदार से घर ग्रहस्थी का समान लेने जाती तो दुकान वाला घटेश्वर कोई ना कोई बहाने उसको बहकावे में लाने का प्रयास … Read more

उन सभी सखियों को जिन्होंने अपने परिवार के लिए 21 से 55 वर्ष घर सम्भालने  में व्यस्त रही। आज उनके लिए समर्पित एक छोटी सी रचना  

कैसे कटा 21 से 55 तक का यह सफ़र, पता ही नहीं चला । क्या पाया, क्या खोया, क्यों खोया, पता ही नहीं चला ! बीता बचपन, गई जवानी कब आया बुढ़ापा, पता ही नहीं चला । कल बेटी थे, कब सास बन गये, पता ही नहीं चला ! कब माता  से नानी एवं दादी … Read more

शिवाजी के किलों की कहानी बताती है ‘हिन्दवी स्वराज्य दर्शन’

– प्रो. (डॉ) संजय द्विवेदी लेखक लोकेन्द्र सिंह बहुमुखी प्रतिभा के धनी हैं। कवि, कहानीकार, स्तम्भलेखक होने के साथ ही यात्रा लेखन में भी उनका दखल है। घुमक्कड़ी उनका स्वभाव है। वे जहाँ भी जाते हैं, उस स्थान के अपने अनुभवों के साथ ही उसके ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक महत्व से सबको परिचित कराने का प्रयत्न … Read more

संकष्टी चतुर्थी के व्रत करने से सारे संकट दूर होते है-डॉ. बी. के.मल्लिक

 हर साल पौष माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि पर अखुरथ संकष्टी चतुर्थी मनाई जाती है। मान्यता है कि इस दिन व्रत रखने से और गणेशजी की विधि-विधान से पूजा करने से कष्ट दूर होते हैं और मनोकामनाएं पूरी होती हैं। इस चतुर्थी पर गणेश पूजा  करने पर घर में धन और वैभव आती … Read more

मंगल पांडे जी की मूर्ति स्थापना एक अनसुलझी पहेली क्यूँ ? — आनंद शास्त्री

मंगल पाण्डे जी की मूर्ति स्थापना हमारी मांग के निहितार्थ सम्माननीय मित्रों ! भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के महानायक, अग्रीम एवं प्रथम बलिदानी मंगल पाण्डे जी की स्मृति में अपने श्रद्धा सुमन अर्पित करते हुवे हमारे यशस्वी मुख्यमंत्री श्रीमान हेमन्तो बिस्वशर्मा जी,प्रधानमंत्री श्रीमान नरेन्द्र मोदी जी असम एवं भारत सरकार के साथ-साथ हमारी मातृसंस्था राष्ट्रीय स्वयंसेवक … Read more

वीर बाल दिवस का महत्व और संदेश  —  राजेश कुमार पासी

    9 जनवरी 2022 को गुरु गोबिंद सिंह जी के प्रकाश पर्व के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी द्वारा 26 दिसम्बर को वीर बाल दिवस के रूप में मनाने की घोषणा की गई थी ।  उस दिन को गुरु गोबिंद सिंह जी के चार साहिबजादे बाबा अजीत सिंह, बाबा जुझार सिंह, बाबा जोरावर सिंह तथा बाबा फतेह सिंह जी के सम्मान … Read more

याद है

    हर पल तेरा बुलाना अपनी दरीचे पे तेरा रूक जाना याद है     तेरा तब्बासुम, चश्मे इश्क से ,       मुझे संवारना याद है। तेरा  नई नई वो गिले वो शिकायते    और मेरा रूट जाना याद है। प्यारी सी बोली मे मुझे मानना, तेरा वो मीठी आवाज याद है। … Read more

कविता यूपी

  हैं    राम     हमारे    यू   पी  में हैं   श्याम    हमारे    यू  पी  में शिव  की  काशी  है  यू  पी  मे रहते    सन्यासी     यू   पी   में ब्रज  का  पनघट  है  यू  पी  में गंगा   का   तट    है   यू  पी  में मोदी   का     मेला   यू   पी  में योगी  … Read more