इतिहास के पन्नों में 22 जुलाईः जब तिरंगा को राष्ट्रीय ध्वज के रूप में अंगीकार किया गया

प्रत्‍येक राष्‍ट्र का अपना ध्‍वज होता है। अपना ध्वज एक स्‍वतंत्र देश होने का संकेत है। भारतीय राष्‍ट्रीय ध्‍वज की अभिकल्‍पना स्वतंत्रता सेनानी पिंगली वैंकैयानन्‍द ने की थी। इसे इसके वर्तमान स्‍वरूप में आजादी के कुछ दिन पहले 22 जुलाई 1947 को कॉन्‍स्‍टीट्यूशन हॉल में आयोजित की गई भारतीय संविधान सभा की बैठक के दौरान … Read more

इतिहास के पन्नों में 21 जुलाईः कोलकाता की धड़कन है भारत का पहला स्टार ‘थियेटर’

1 में इस थियेटर में मन्मथ रॉय के नाटक कारागार का मंचन हुआ था। इस थियेटर में किसी नाटक का यह आखिरी मंचन था। फिलहाल इसे सिनेमा हॉल में बदल दिया गया है। अब कभी-कभार नाटकों का मंचन होता है। इस थियेटर का ध्वनि विज्ञान प्रसिद्ध है। इसके अंदरूनी भागों का आधुनिकीकरण किया गया है, … Read more

20 जुलाई/पुण्य-तिथि एक विस्मृत विप्लवी बटुकेश्वर दत्त

यह इतिहास की विडम्बना है कि अनेक क्रान्तिकारी स्वतन्त्रता के युद्ध में सर्वस्व अर्पण करने के बाद भी अज्ञात या अल्पज्ञात ही रहे। ऐसे ही एक क्रान्तिवीर बटुकेश्वर दत्त का जन्म 18 नवम्बर, 1910 को ग्राम ओएरी खंडा घोष (जिला बर्दमान, बंगाल) में श्री गोष्ठा बिहारी दत्त के घर में हुआ था। वे एक दवा … Read more

18 जुलाई/जन्म-दिवस                   विश्व हिन्दू परिषद के प्रथम अध्यक्ष जयचामराज वाडियार

विश्व भर के हिन्दुओं को संगठित करने के लिए श्रीकृष्ण जन्माष्टमी (29 अगस्त, 1964) को स्वामी चिन्मयानंद जी की अध्यक्षता में, उनके मुंबई स्थित सांदीपनि आश्रम में विश्व हिन्दू परिषद की स्थापना हुई। इस अवसर पर धार्मिक, और सामाजिक क्षेत्र की अनेक महान विभूतियां उपस्थित थीं। स्थापना के समय महामंत्री का दायित्व संघ के वरिष्ठ … Read more

इतिहास के पन्नों में 16 जुलाईः भारत में समाज सुधार आंदोलन का बड़ा दिन ( 16 July in the pages of history)

देश-दुनिया के इतिहास में 16 जुलाई की तारीख तमाम अहम वजह से दर्ज है। यह तारीख भारत में समाज सुधार आंदोलनों की महत्वपूर्ण घटना के रूप में यादगार है। कुछ लोग तो यहां तक कहते हैं सामाजिक कार्यकर्ताओं के लिए यह बड़े दिन से कम नहीं है। इसलिए यह घटना भारतीय इतिहास में सुनहरे अक्षरों … Read more

11जुलाई/पुण्यतिथि सेकंड लेफ्टनंट राम राघोबा राणे 

सेकंड लेफ्टनंट राम राघोबा राणे देश के पहले फौजी थे जिन्हें जीवित रहते हुए उनके शौर्य, साहस और पराक्रम के लिए परमवीर चक्र से सम्मानित किया गया। 26 जून, 1918 को कर्नाटक के करवार जिले में हावेरी गांव में इनका जन्म हुआ। 1940 में 22 वर्षीय राम राघोबा राणे ने ब्रिटिश इंडियन आर्मी ज्वाइन की। … Read more

इतिहास के पन्नों में 10 जुलाईः ग्वालियर में है देश की एकमात्र महिला एनसीसी ऑफिसर ट्रेनिंग अकादमी

देश-दुनिया के इतिहास में 10 जुलाई की तारीख तमाम अहम वजह से दर्ज है। यह तारीख भारत में राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) के लिए खास है। 10 जुलाई 1964 को ही ग्वालियर में महिला एनसीसी ऑफिसर ट्रेनिंग अकादमी की स्थापना की गई थी। इस ट्रेनिंग सेंटर से हजारों महिलाएं प्रशिक्षण लेकर अधिकारी बन चुकी हैं। … Read more

स्वतंत्रता संग्राम में बनियों की भूमिका

अग्रवाल समाज के बारे में इतिहास में यह लिखा है कि १८५७ की क्रांति बनियों की बेईमानी की वजह से असफल हुई थी. धूर्त इतिहासकार लिखते हैं कि बनियों ने राशन की जमाखोरी की इस वजह से १८५७ के संग्राम में क्रांतिकारियों को रसद नहीं मिल पाई . इस वजह से आन्दोलन असफल हुआ . … Read more

7 जुलाई/जन्म-दिवस विलक्षण संन्यासी  करपात्री जी महाराज

स्वामी करपात्री जी के नाम से प्रसिद्ध संन्यासी का बचपन का नाम हरनारायण था। इनका जन्म सात जुलाई, 1907 ग्राम भटनी, उत्तर प्रदेश में पण्डित रामनिधि तथा श्रीमती शिवरानी के घर में हुआ था। सनातन धर्म के अनुयायी इनके पिता श्रीराम एवं भगवान शंकर के परमभक्त थे। वे प्रतिदिन पार्थिव पूजा एवं रुद्राभिषेक करते थे। … Read more

इतिहास के पन्नों में 07 जुलाईः विश्व क्रिकेट में भारत के माही का नाम ही काफी है (07 July in the pages of history)

श-दुनिया के इतिहास में 07 जुलाई की तारीख तमाम अहम वजह से दर्ज है। इस तारीख का रिश्ता सफल भारतीय क्रिकेटर महेंद्र सिंह धोनी से है। झारखंड की राजधानी रांची के एक परिवार में 07 जुलाई, 1981 को जन्मे महेंद्र सिंह धोनी ने अपनी योग्यता और जुझारूपन से विश्व क्रिकेट में एक अनूठा मुकाम हासिल … Read more