कांच के रिश्ते
कांच के रिश्ते कोलकाता के बेहाला इलाके के एक पुराने पुश्तैनी मकान में उस दोपहर अजीब सी खामोशी छाई थी। रूपक और रानी अपना सामान समेट कर सीढ़ियों से नीचे उतर रहे थे। रूपक, जो एक मामूली सरकारी क्लर्क था, उसकी आँखें डबडबाई हुई थीं; लेकिन उसकी माँ ऊषा देवी ने बेरुखी से मुँह फेर … Read more