गुवाहाटी: मिसिंग स्वायत्त परिषद (एमएसी) के सभी ४० निर्वाचन क्षेत्रों की अंतिम फोटोयुक्त मतदाता सूची शनिवार को प्रकाशित कर दी गई। इसके साथ ही आगामी एमएसी चुनाव का रास्ता साफ हो गया है।
अंतिम मतदाता सूचियां असम सरकार के जनजातीय कार्य (मैदानी) विभाग द्वारा जारी अधिसूचनाओं के अनुसार एमएसी निर्वाचन क्षेत्रों के परिसीमन के बाद तैयार की गई हैं। इनमें १० जनवरी, २०२५ और २१ जुलाई, २०२६ को जारी अधिसूचनाओं के साथ-साथ बाद में जारी अन्य अधिसूचनाएं भी शामिल हैं।
अंतिम निर्वाचन आंकड़ों के अनुसार, ४० निर्वाचन क्षेत्रों में कुल ६,३५,६०१ मतदाता पंजीकृत हैं। इनमें ३,१७,३४३ पुरुष, ३,१८,२५६ महिला और ‘अन्य’ श्रेणी के २ मतदाता शामिल हैं। निर्वाचन क्षेत्रों में मतदान के लिए कुल १,०३३ मतदान केंद्र बनाए गए हैं।
निर्वाचन क्षेत्रवार अंतिम मतदाता सूची बिना फोटो के संबंधित अंचल अधिकारियों और प्रखंड विकास अधिकारियों के कार्यालयों में निरीक्षण के लिए उपलब्ध रहेगी। इसकी प्रतियां संबंधित निर्वाचन क्षेत्रों में स्थित नगरपालिकाओं, नगर समितियों, उप-पंजीयक कार्यालयों, पुलिस थानों, चाय बागानों और गांव पंचायतों में भी उपलब्ध रहेंगी।
मतदाता अंतिम सूची ऑनलाइन ओईआरएमएस पोर्टल और संबंधित जिला प्रशासन की वेबसाइटों के माध्यम से देख सकते हैं। मतदाता भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी अपने ईपीआईसी नंबर के माध्यम से अपना नाम सत्यापित कर सकते हैं। इसके अलावा, वे ओईआरएमएस पोर्टल के सिटीजन कॉर्नर से अपने संबंधित मतदान केंद्र की मतदाता सूची भी डाउनलोड कर सकते हैं।
निर्वाचन प्रक्रिया को अधिक समावेशी बनाने के उद्देश्य से आयोग ने एमएसी मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने के लिए दावे स्वीकार करने की अवधि नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि तक बढ़ाने का निर्णय लिया है। यह प्रावधान उन लोगों पर लागू होगा, जो १ अप्रैल, १ जुलाई या १ अक्टूबर, २०२६ के संदर्भ में मतदाता के रूप में पंजीकरण के पात्र बनते हैं, बशर्ते उनके नाम वर्तमान संक्षिप्त पुनरीक्षण के तहत भारत निर्वाचन आयोग द्वारा प्रकाशित पूरक मतदाता सूची में शामिल हों और उनके पास वैध ईपीआईसी हो।
आयोग ने सभी पात्र मतदाताओं से अंतिम मतदाता सूची में अपने नाम की जांच करने और उपलब्ध सुविधाओं का उपयोग करने की अपील की है, ताकि आगामी मिसिंग स्वायत्त परिषद चुनाव में सटीक और समावेशी मतदाता भागीदारी सुनिश्चित की जा सके।