पीएम श्री स्कूल जवाहर नवोदय विद्यालय, श्रीभूमि में रंगारंग कार्यक्रम का आयोजन
श्रीभूमि, 8 सितंबर 2026 (मंगलवार):** पीएम श्री स्कूल जवाहर नवोदय विद्यालय, श्रीभूमि में मंगलवार, 8 सितंबर 2026 को **‘Art in Education 2026’ (कला शिक्षा 2026)** कार्यक्रम का भव्य उद्घाटन समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में छिपी कलात्मक प्रतिभाओं को मंच प्रदान करना तथा कला के माध्यम से उनकी रचनात्मकता, आत्मविश्वास और सांस्कृतिक चेतना को प्रोत्साहित करना था।
यह कार्यक्रम **नवोदय विद्यालय समिति, शिलांग क्षेत्र के सिलचर क्लस्टर** के अंतर्गत आयोजित किया गया, जिसमें **असम (बराक घाटी), मणिपुर, मिजोरम एवं त्रिपुरा के कुल 17 जवाहर नवोदय विद्यालयों** ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। विभिन्न विद्यालयों से आए प्रतिभागियों ने **समूह नृत्य एवं एकल नृत्य** के माध्यम से अपनी प्रतिभा, सृजनात्मकता और सांस्कृतिक विविधता का मनमोहक प्रदर्शन किया।
उद्घाटन समारोह में **सीडीएसपी, आर.के. नगर, श्री अंशुल शर्मा** तथा **ओसी, रामकृष्णनगर थाना, श्री प्रियब्रत शर्मा** की गरिमामयी उपस्थिति रही। साथ ही, **भारतीय स्टेट बैंक, रामकृष्णनगर के श्री सिभाजित घोष एवं श्री समरजीत दास** भी समारोह में उपस्थित रहे। उनकी गरिमामयी उपस्थिति ने कार्यक्रम की शोभा एवं गरिमा को और बढ़ाया तथा विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन किया।
कार्यक्रम के निर्णायक मंडल में **डॉ. सुजीत कुमार घोष**, निर्णायक, **डॉ. मुरली बासा**, सहायक प्रोफेसर, प्रदर्शन कला विभाग, असम विश्वविद्यालय तथा **श्री नेहल भट्टाचार्जी**, पीएच.डी. शोधार्थी, प्रदर्शन कला विभाग, असम विश्वविद्यालय शामिल रहे। विशेषज्ञ निर्णायकों ने विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों का बारीकी से मूल्यांकन किया तथा उनके प्रदर्शन, भाव-भंगिमा, ताल, लय, समन्वय एवं मंचीय प्रस्तुति जैसे विभिन्न पहलुओं पर ध्यान दिया।
इस अवसर पर **जवाहर नवोदय विद्यालय, श्रीभूमि के प्राचार्य श्री योगेश कुमार** ने उपस्थित अतिथियों, निर्णायकों, प्रतिभागी विद्यालयों के शिक्षकों एवं विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए सभा को संबोधित किया। उन्होंने कला शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए विद्यार्थियों को पूरे उत्साह एवं आत्मविश्वास के साथ अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न विद्यालयों के विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत समूह एवं एकल नृत्य ने उपस्थित दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। प्रस्तुतियों में विभिन्न राज्यों और क्षेत्रों की सांस्कृतिक विविधता, लोक परंपराओं तथा भारतीय कला-संस्कृति की समृद्ध विरासत की सुंदर झलक देखने को मिली। विद्यार्थियों ने अपनी उत्कृष्ट प्रस्तुतियों से यह सिद्ध किया कि कला केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं, बल्कि व्यक्तित्व निर्माण और सांस्कृतिक एकता का सशक्त साधन भी है।
इस आयोजन को सफल बनाने में **उस्मान गोनी चौधरी, अमृता रॉय, वसीम रेजा, बरनाली दास, नवजीत दत्ता, अनवर हुसैन बरभुइया, के.एस. कुंदलाल सिंघा, रत्ना भौमिक** सहित विद्यालय के अनेक शिक्षकों एवं कर्मचारियों ने अपना सर्वश्रेष्ठ योगदान दिया। सभी के सामूहिक प्रयास, समर्पण और सहयोग से कार्यक्रम सुव्यवस्थित एवं सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
अंततः **‘Art in Education 2026’** का उद्घाटन समारोह विद्यार्थियों की प्रतिभा, भारतीय संस्कृति की विविधता और कला के प्रति उनके उत्साह का शानदार उत्सव बनकर सामने आया। विभिन्न राज्यों से आए विद्यार्थियों और शिक्षकों की सहभागिता, विशिष्ट अतिथियों की उपस्थिति तथा निर्णायकों के मार्गदर्शन ने इस आयोजन को विशेष एवं यादगार बना दिया। यह कार्यक्रम विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के साथ-साथ एक-दूसरे की सांस्कृतिक विरासत को समझने और राष्ट्रीय एकता की भावना को मजबूत करने का एक महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करने में सफल रहा।