डिब्रूगढ़: डिब्रूगढ़ के मारवाड़ी हिंदी हाई स्कूल में छात्रों को परोसे जाने वाले मिड-डे मील की गुणवत्ता को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। स्कूल परिसर में कथित तौर पर सड़ी-गली और दुर्गंधयुक्त खाद्य सामग्री मिलने के बाद छात्रों में भारी आक्रोश देखा गया।
बताया जा रहा है कि स्कूल परिसर से सड़ी हुई और तेज दुर्गंध वाली खाद्य सामग्री बरामद हुई, जिससे छात्रों में नाराजगी फैल गई। इस घटना ने मिड-डे मील के खाद्य पदार्थों के भंडारण, गुणवत्ता नियंत्रण और नियमित निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।
छात्रों ने मामले पर कड़ी नाराजगी जताते हुए पूरे प्रकरण की तत्काल जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
घटना ने यह भी सवाल उठाया है कि बच्चों के लिए तैयार किए जाने वाले भोजन को सुरक्षित रखने और उसकी गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए निर्धारित स्वच्छता एवं खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा था या नहीं।
स्कूलों में मिड-डे मील का उद्देश्य बच्चों को पौष्टिक और सुरक्षित भोजन उपलब्ध कराना है। ऐसे में खाद्य सामग्री के सड़ने या खराब होने की घटना बच्चों के स्वास्थ्य के लिए गंभीर चिंता का विषय बन सकती है।
मामले के सामने आने के बाद शिक्षा विभाग और संबंधित अधिकारियों से पूरे प्रकरण की गहन जांच करने तथा यदि किसी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ उचित कार्रवाई करने की मांग तेज हो गई है।
स्कूल परिसर में सड़ा भोजन मिलने के बाद सबसे बड़ा सवाल यही है—बच्चों की थाली की सुरक्षा की जिम्मेदारी आखिर किसकी है?