नालूगांव मॉब लिंचिंग मामले में मणिपुरी (मैतेई) समुदाय का नाम जोड़ना गलत, संगठनों ने जताया कड़ा विरोध
शिलचर, 6 जून (रानू दत्ता): श्रीभूमि जिले के पाथरकांडी स्थित नालूगांव में हुई अमानवीय मॉब लिंचिंग की घटना को लेकर मणिपुरी (मैतेई) समुदाय के विभिन्न संगठनों ने गहरी चिंता व्यक्त करते हुए स्पष्ट किया है कि इस घटना में समुदाय का कोई व्यक्ति शामिल नहीं है। सोशल मीडिया के कुछ मंचों पर मणिपुरी समुदाय को घटना से जोड़कर फैलाए जा रहे भ्रामक प्रचार का उन्होंने कड़े शब्दों में विरोध किया है।
शनिवार को शिलचर में आयोजित एक पत्रकार सम्मेलन में वर्ल्ड मैतेई काउंसिल सेंट्रल कमेटी के अध्यक्ष डॉ. के. एन. चानू, मणिपुरी साहित्य परिषद, श्रीभूमि जिला समिति के प्रतिनिधि एल. बीरेंद्र सिंह, एएएमपीएएल की अध्यक्षा बेनी मिश्रा, वर्ल्ड मैतेई काउंसिल श्रीभूमि समिति के अध्यक्ष बीर सिंह तथा आमसू के केंद्रीय उपाध्यक्ष छवि कुमार सिंह ने संयुक्त रूप से कहा कि नालूगांव में हुई घटना अत्यंत दुखद, निंदनीय और अमानवीय है। दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई होनी चाहिए, लेकिन बिना किसी तथ्यात्मक आधार के मणिपुरी समुदाय को इस घटना से जोड़ना पूरी तरह अनुचित है।
उन्होंने बताया कि जिस गांव में यह घटना हुई है तथा उसके आसपास के क्षेत्रों में मणिपुरी (मैतेई) समुदाय के लोग निवास तक नहीं करते हैं। इसके बावजूद सोशल मीडिया के माध्यम से समुदाय विशेष के विरुद्ध भ्रम फैलाने का प्रयास किया जा रहा है, जिससे समाज में अनावश्यक तनाव और गलतफहमियां उत्पन्न हो रही हैं।
संगठनों के नेताओं ने कहा कि घटना के संबंध में मणिपुरी समुदाय पर लगाए जा रहे आरोपों से व्यापक मणिपुरी समाज चिंतित और आहत है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि इस जघन्य कांड से समुदाय का कोई संबंध नहीं है। इसलिए मामले की निष्पक्ष एवं पारदर्शी जांच कर वास्तविक दोषियों की पहचान की जाए, उन्हें शीघ्र गिरफ्तार कर कानून के तहत दंडित किया जाए।
पत्रकार सम्मेलन में वक्ताओं ने प्रशासन से मांग की कि भविष्य में ऐसी नृशंस घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रभावी और कठोर कदम उठाए जाएं। उन्होंने कहा कि किसी भी सभ्य समाज में हिंसा और कानून को अपने हाथ में लेने की प्रवृत्ति स्वीकार्य नहीं हो सकती। पीड़ित परिवार को न्याय दिलाना तथा अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करना प्रशासन की जिम्मेदारी है।
मणिपुरी संगठनों ने आशा व्यक्त की कि असम पुलिस इस मामले को गंभीरता से लेते हुए त्वरित कार्रवाई करेगी और पीड़ित परिवार को न्याय सुनिश्चित करेगी।
पत्रकार सम्मेलन में वर्ल्ड मैतेई काउंसिल सेंट्रल कमेटी के उपाध्यक्ष शुभांकर सिंह, एएएमपीएएल की सचिव विजया सिंह, नोनगिन एनजीओ के अध्यक्ष मुटुम गुनाहार, आमसू के सलाहकार एल. सत्यजीत तथा बिजन सिंह सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।