तिनसुकिया: देशभर में तपेदिक (टीबी) के उन्मूलन के प्रयासों को गति देने के उद्देश्य से केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जे. पी. नड्डा ने नई दिल्ली में टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत राष्ट्रीय स्तर पर जोश टीम का शुभारंभ किया।
राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित शुभारंभ समारोह का तिनसुकिया जिले सहित देश के विभिन्न हिस्सों में सीधा प्रसारण किया गया। इसके बाद तिनसुकिया जिला आयुक्त कार्यालय के सभागार में जिला आयुक्त सुमित सत्तावन की अध्यक्षता में एक जिलास्तरीय बैठक आयोजित की गई, जिसमें तपेदिक नियंत्रण एवं उन्मूलन के प्रयासों को मजबूत करने के लिए जोश टीम का औपचारिक रूप से गठन किया गया।
राष्ट्रीय क्षय रोग उन्मूलन कार्यक्रम (एनटीईपी) के अंतर्गत आयोजित इस कार्यक्रम के दौरान टीबी के खिलाफ लड़ाई में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल करने वाले गांवों को सम्मानित करने के लिए एक विशेष सम्मान समारोह भी आयोजित किया गया।
इस अवसर पर वर्ष २०२५ में टीबी मुक्त घोषित किए गए २० ग्राम पंचायतों के प्रतिनिधियों को पारंपरिक असमिया गमछा, महात्मा गांधी की प्रतिमा और प्रशंसा प्रमाणपत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। इस सम्मान का उद्देश्य जमीनी स्तर पर जनभागीदारी को प्रोत्साहित करना तथा टीबी मुक्त भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए समुदाय आधारित प्रयासों को निरंतर मजबूत बनाए रखना था।
कार्यक्रम में जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. रानी गोगोई ने जोश टीम के उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि टीबी मुक्त भारत के लक्ष्य को साकार करने के लिए जमीनी स्तर पर सभी वर्गों का सहयोग अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने तपेदिक उन्मूलन अभियान को सफल बनाने के लिए सामूहिक प्रयासों और जनजागरूकता के महत्व पर जोर दिया।
इस अवसर पर तिनसुकिया के विधायक पुलक गोहाईं, अतिरिक्त जिला आयुक्त डॉ. मंदिरा बरुआ, जिला परिषद के अधिकारी, विभिन्न विभागों के अधिकारी, एनसीसी कैडेट, स्वयंसेवक तथा पत्रकार उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने देश को तपेदिक मुक्त बनाने की दिशा में सक्रिय योगदान देने और टीबी उन्मूलन के लिए मिलकर कार्य करने की शपथ ली।