शमीन्द्र पाल, काठीघोड़ा, ३१ जुलाई : असम के काछार जिले के मासिमपुर स्थित अरुणाचल कुमारपाड़ा क्षेत्र में शुक्रवार को एक हृदयविदारक हादसे में पानी की टंकी साफ करने के दौरान चार लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। प्रारंभिक तौर पर पुलिस का मानना है कि नई निर्मित मकान की पानी की टंकी के भीतर जमा जहरीली गैस के कारण यह दुर्घटना हुई।
मृतकों की पहचान निलय पाल, सम्पु पाल, नंदन पाल और देवाशीष पाल के रूप में हुई है।
जानकारी के अनुसार, मकान मालिक ने टंकी की सफाई के लिए तीन मजदूरों को काम पर लगाया था। पहला मजदूर टंकी के अंदर उतरने के कुछ ही देर बाद बेहोश हो गया। उसे बचाने के लिए एक-एक कर दो अन्य मजदूर भी टंकी में उतरे, लेकिन वे भी जहरीली गैस की चपेट में आकर बेहोश हो गए। बाद में उन्हें बचाने के प्रयास में पड़ोस का एक युवक भी टंकी में उतरा और वह भी उसी हादसे का शिकार हो गया।
घटना की सूचना मिलते ही इलाके में अफरा-तफरी मच गई। एसडीआरएफ और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और बचाव अभियान शुरू किया। हालांकि, बचाव दल के पहुंचने से पहले ही स्थानीय आरएसएस कार्यकर्ता दिव्येंदु दास ने अपनी जान की परवाह किए बिना टंकी के अंदर उतरकर चारों शवों को बाहर निकाला। उनके इस साहसिक कार्य के लिए स्थानीय लोगों ने उनका आभार व्यक्त किया।
बाद में पुलिस चारों अचेत व्यक्तियों को शिलचर मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल ले गई, जहां ड्यूटी पर मौजूद चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस बीच, पुलिस ने घटना के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी है।
इस दर्दनाक हादसे में चार लोगों की आकस्मिक मृत्यु से पूरे अरुणाचल कुमारपाड़ा क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। अनेक दुकानदारों ने स्वेच्छा से अपनी दुकानें बंद रखीं और पूरे इलाके में मातम का माहौल छा गया। यह दुर्घटना एक बार फिर इस बात की याद दिलाती है कि किसी भी बंद स्थान या पानी की टंकी में उतरने से पहले पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था करना और जहरीली गैस की मौजूदगी की जांच करना कितना आवश्यक है।