शब्द वीणा
कवियों का है संग यहाँ पर, शब्दवीणा की टोली, आओ खेलें होली ‘हो, हो, हो, हो, होरी है। होरी है, बरजोरी है खुशियों के तुम रंग बिखेरो, मिलेंगी खुशियाँ तुमको ढेरों। रंग-बिरंगी खुशियाँ लेकर, आयी होली, आयी रे। प्रे.स. गया, 12 मार्च: राष्ट्रीय साहित्यिक-सह-सांस्कृतिक संस्था शब्दवीणा की हरियाणा प्रदेश समिति की फरीदाबाद जिला इकाई द्वारा … Read more