ग्वालियर में सजेगा कला और संस्कृति का अंतर्राष्ट्रीय महाकुंभ, देश-विदेश के कलाकार दिखाएँगे प्रतिभा

एजेंसी संवाददाता ग्वालियर, 15 अक्टूबर। संगीत और सांस्कृतिक विरासत के लिए विश्व में विशिष्ट पहचान रखने वाले ग्वालियर में एक बार फिर अंतर्राष्ट्रीय कला और संस्कृति का भव्य संगम होने जा रहा है। उदभव सांस्कृतिक एवं क्रीड़ा संस्थान और आई.टी.एम. विश्वविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में *21वाँ आई.टी.एम. ‘‘उदभव उत्सव’’* *अंतर्राष्ट्रीय सांस्कृतिक ओलंपियाड 2026* का आयोजन 24 से 27 अक्टूबर तक किया जाएगा। चार दिवसीय इस आयोजन में देश-विदेश के कलाकार नृत्य, वाद्य संगीत और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। इसके साथ ही मॉडल यूनाइटेड नेशन ; MUN समिट युवाओं को अंतर्राष्ट्रीय विषयों पर विचार-विमर्श का अवसर प्रदान करेगी।

आयोजन में ऑपरेशन सिंदूर के प्रमुख स्तंभ, *भारतीय नौसेना के पूर्व प्रमुख एवं मैरीटाइम फाउंडेशन के चेयरमैन एडमिरल दिनेश कुमार त्रिपाठी* (PVSM,AVSM,NM) भारत में *मंगोलिया के राजदूत उलजीत लवसेनजाव* तथा सुप्रसिद्ध नृत्यांगना *पद्मश्री नलिनी-कमलिनी* सहित अनेक विशिष्ट अतिथि देश-विदेश से आने वाले प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन करेगें।
*ग्वालियर को अंतर्राट्रीय सांस्कृतिक पहचान दिलाने का प्रयास*

गुरुवार को आयोजित पत्रकार वार्ता में आई.टी.एम. विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. (डॉ.) योगेश उपाध्याय और उदभव के सचिव दीपक तोमर ने बताया कि “उदभव उत्सव” केवल एक सांस्कृतिक प्रतियोगिता नहीं, बल्कि विभिन्न देशों और भारतीय राज्यों की कला, परंपराओं तथा युवा प्रतिभाओं को जोड़ने वाला मंच है। इसका उद्देश्य ग्वालियर की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को वैश्विक स्तर पर पहचान दिलाना और युवाओं के बीच सांस्कृतिक आदान-प्रदान को प्रोत्साहित करना तथा भारतीय युवा कलाकारों को वैश्विक मंच प्रदान करना है।

इस वर्ष स्लोवाकिया और रूस सहित भारत के तमिलनाडु, तेलंगाना, असम, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, राजस्थान और मध्य प्रदेश के कलाकार अपनी प्रस्तुतियों से दर्शकों को मंत्रमुग्ध करेंगे। विभिन्न क्षेत्रों की पारंपरिक वेशभूषा, लोकनृत्य, संगीत और कलात्मक अभिव्यक्तियाँ इस आयोजन को विविध संस्कृतियों के उत्सव का स्वरूप देंगी।
*भव्य कार्निवाल से होगा उत्सव का शुभारंभ*
आई.टी.एम. विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार डॉ.ओमवीर सिंह और उदभव के उपाध्यक्ष सुरेंद्र पाल सिंह कुशवाह ने बताया कि 24 अक्टूबर को अपरान्ह 3 बजे भव्य कार्निवाल के साथ उत्सव का शुभारंभ होगा। कार्निवाल थीम रोड से होते हुए जीवाजी क्लब पहुँचेगा। कार्निवाल में देश-विदेश के प्रतिभागी अपनी पारंपरिक वेशभूषा और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से विविध संस्कृतियों की झलक पेश करेंगे। इसी दिन सायंकाल 6 बजे जीवाजी क्लब में ‘‘21वें आई.टी.एम. उदभव उत्सव’’ का भव्य उद्घाटन समारोह आयोजित किया जाएगा।
*नृत्य, संगीत और वैश्विक संवाद का अनूठा संगम*
25 अक्टूबर को आई.टी.एम. विश्वविद्यालय के तुरारी परिसर में समूह नृत्य, वाद्य संगीत प्रतियोगिताओं और मॉडल यूनाइटेड नेशन (MUN) समिट का आयोजन होगा। MUN के माध्यम से विद्यार्थी अंतर्राष्ट्रीय संबंधों, कूटनीति और वैश्विक चुनौतियों पर अपने विचार प्रस्तुत करेंगे तथा संवाद और नेतृत्व कौशल विकसित करेंगे।
26 अक्टूबर को प्रातः 9 बजे से एकल नृत्य प्रतियोगिताएँ आयोजित की जाएँगी। सायंकाल 5 बजे से नाद मुक्ताकाश रंगमंच पर प्रतिभागियों की विशेष प्रस्तुतियाँ होंगी। 27 अक्टूबर को प्रातः कालीन सत्र के बाद सायंकाल 5 बजे से नाद मुक्ताकाश रंगमंच, सिथौली में भव्य समापन समारोह आयोजित किया जाएगा।
*संस्कृति के माध्यम से एकता और सद्भाव का संदेश*
उदभव उत्सव का उद्देश्य विभिन्न संस्कृतियों के बीच संवाद, आपसी सम्मान और सद्भाव को बढ़ावा देना है। यह मंच युवा कलाकारों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के साथ-साथ दूसरे देशों और भारत के विभिन्न राज्यों की सांस्कृतिक परंपराओं को जानने और समझने का अवसर भी देगा। ज्ञात हो कि उदभवके बैनर तले देश के 3000 से ज्यादा कलाकार विभिन्न देशों में भारतीय संस्कृति का परचम लहरा चुके हैं।
इस वर्ष के ‘‘उदभव उत्सव’’ से चयनित प्रतिभागी वर्ष 2027 में अन्तर्राष्ट्रीय मंचों पर भारत का प्रतिनिधित्व करेगें।
इस कार्यक्रम को म.प्र. शासन संस्कृति मंत्रालय, नगर निगम ग्वालियर, जीवाजी क्लब, इन्टरनेशनल सेंटर ऑफ मीडिया एक्सीलेंस (ICOME) एवं सांध्य समाचार का विशेष सहयोग प्राप्त हो रहा है।

आई.टी.एम. विश्वविद्यालय और उदभव सांस्कृतिक एवं क्रीड़ा संस्थान की यह संयुक्त पहल ग्वालियर की सांस्कृतिक पहचान को और सशक्त करने तथा शहर को अंतर्राष्ट्रीय सांस्कृतिक आयोजनों के प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
आज की पत्रकार वार्ता में आई.टी.एम. विश्वविद्यालय के जनसंपर्क अधिकारी अनिल माथुर तथा उदभव से मनोज अग्रवाल, शरद सारस्वत, प्रवीण शर्मा, सुरेंद्र पाल सिंह कुशवाह, आलोक द्विवेदी, राजीव शुक्ला, मूलचंद रसैनिया,संतोष वशिष्ठ , विवेक सुडेले, टी.एन. मनीष, विजय रौशन, मुजीब खान, अंकित हंस, आशीष सिंह, मिताली तोमर, अक्षत तोमर, गौरव शर्मा, देवेंद्र अहिरवार और गौरव सिंह सहित अन्य गणमान्यजन उपस्थित रहे।