प्रधानाध्यापक, अभिभावक, रसोइया और भूमिदाता ने जताई नाराजगी; अधिकारियों से समस्या समाधान की मांग
गौतम सरकार, रामकृष्णनगर, 7 अक्टूबर: राज्य के अधिकांश जिलों के शिक्षा ब्लॉक के अंतर्गत आने वाले एलपी और एमई स्कूलों में कहीं बेहतर बुनियादी ढांचा तो कहीं पढ़ाई की स्थिति खराब दिखाई देती है। लेकिन श्रीभूमि जिले के रामकृष्णनगर शिक्षा खंड के चामेला बाजार के समीप इछाखौरी गांव स्थित इशा खौरी एलपी स्कूल की स्थिति इसके विपरीत है। यहां स्कूल का भवन और आधारभूत ढांचा बेहद खराब है, जबकि विद्यार्थियों की पढ़ाई अच्छी चल रही है।
बुधवार को पत्रकारों के सामने स्कूल के विद्यार्थियों की शैक्षणिक स्थिति भी सामने आई। पूछे गए सवालों का विद्यार्थियों ने सही जवाब देकर अपनी पढ़ाई की स्थिति का परिचय दिया।
स्कूल के प्रधानाध्यापक समीर नाथ ने बताया कि स्कूल भवन की खराब स्थिति के बारे में शिक्षा विभाग सहित उच्चाधिकारियों को कई बार अवगत कराया गया, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि काफी प्रयासों के बाद स्कूल में बिजली की व्यवस्था कराई गई है। भवन की हालत खराब है और दीवारों में दरारें भी पड़ गई हैं।
उन्होंने बताया कि स्कूल में एक अन्य कक्षा-कक्ष भी है, लेकिन फर्श नहीं होने के कारण उसका उपयोग नहीं किया जा रहा है। कक्षा शुरू होने पर नीचे की मिट्टी उड़कर पूरे कमरे में फैल जाती है। इस समस्या की जानकारी जिला शिक्षा अधिकारी और रामकृष्णनगर के बीईओ को कई बार दी गई, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
स्कूल तक विद्यार्थियों के आने-जाने के लिए उचित सड़क भी नहीं है। बच्चे बांस की बनी सांकू (पुलिया) पार कर स्कूल पहुंचते हैं। बारिश के मौसम में उन्हें सबसे अधिक परेशानी होती है। विद्यार्थियों ने बताया कि उन्हें स्कूल में मिड-डे मील भी दिया जाता है।
स्कूल की रसोइया आसिया बीबी ने बताया कि स्कूल की स्थापना के समय से ही वह इससे जुड़ी हैं। उस समय स्कूल की स्थिति बेहद खराब थी और परिसर में पेड़-पौधे तक नहीं थे। वर्तमान प्रधानाध्यापक समीर नाथ के आने के बाद स्कूल परिसर में पौधे लगाए गए और पढ़ाई के स्तर में भी सुधार हुआ। अब पहले की तुलना में स्कूल में पढ़ाई का माहौल बेहतर है और विद्यार्थी प्रधानाध्यापक से काफी कुछ सीख रहे हैं।
उन्होंने बताया कि स्कूल की प्रमुख समस्याओं में से एक पेयजल की समस्या है, जिसका अब तक समाधान नहीं हुआ है।
प्रधानाध्यापक समीर नाथ, सहायक शिक्षक प्रांतज्योति राय, रसोइया तथा स्कूल के भूमिदाता ने स्कूल की भवन, सड़क और पेयजल सहित अन्य समस्याओं के समाधान के लिए स्थानीय विधायक विजय मालाकार और जिला शिक्षा अधिकारी का ध्यान आकर्षित किया है।