शिलचर, 27 जुलाई: राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) शिलचर के लिए यह गौरव का विषय है कि संस्थान के भौतिकी विभाग से वर्ष 2025 में पीएचडी पूरी करने वाली शोधकर्ता डॉ. पुजिता निंगथौखोंगजम को विश्व की प्रतिष्ठित हम्बोल्ट रिसर्च फेलोशिप फॉर पोस्टडॉक्टोरल रिसर्चर्स के लिए चयनित किया गया है।
इस प्रतिष्ठित फेलोशिप के तहत डॉ. पुजिता जर्मनी के बर्लिन स्थित विश्वप्रसिद्ध शोध संस्थान हेल्महोल्ट्ज-जेनट्रम बर्लिन फ्यूर मैटेरियलियन उंड एनेर्जी (HZB) में पोस्टडॉक्टोरल शोध करेंगी। HZB उन्नत सामग्री और ऊर्जा अनुसंधान के क्षेत्र में विश्व स्तर पर प्रतिष्ठित संस्थान है।
डॉ. पुजिता ने एनआईटी शिलचर की सोलर एनर्जी मैटेरियल्स रिसर्च एंड टेस्टिंग लेबोरेटरी (SMaRT Lab) में डॉ. रंजीत जी. नायर के मार्गदर्शन में अपना शोध कार्य पूरा किया। उनकी पीएचडी शोध का विषय था— “Multiphasic Titania Based Heterojunctions for Multifunctional Solar Energy Applications”।
इस शोध में सौर ऊर्जा के माध्यम से टिकाऊ हाइड्रोजन उत्पादन तथा पर्यावरण प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए उन्नत फोटोकैटेलिटिक सामग्रियों के विकास पर विशेष ध्यान दिया गया है।
हम्बोल्ट रिसर्च फेलोशिप विश्व की अत्यंत प्रतिष्ठित शोध फेलोशिप में शामिल है। यह फेलोशिप उत्कृष्ट शोध क्षमता, वैज्ञानिक प्रतिभा और भविष्य की शोध संभावनाओं वाले शोधकर्ताओं को प्रदान की जाती है।
डॉ. पुजिता निंगथौखोंगजम की यह उपलब्धि एनआईटी शिलचर में हो रहे उच्चस्तरीय शोध कार्यों की अंतरराष्ट्रीय पहचान को दर्शाती है। साथ ही, स्वच्छ ऊर्जा और उन्नत कार्यात्मक सामग्रियों के क्षेत्र में संस्थान की वैश्विक शोध साझेदारी को भी इससे और मजबूती मिलने की उम्मीद है।
डॉ. पुजिता निंगथौखोंगजम की इस उल्लेखनीय उपलब्धि पर उन्हें हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं। उनका यह गौरवपूर्ण प्रदर्शन एनआईटी शिलचर के साथ-साथ देश के शोध जगत के लिए भी गर्व का विषय है।