कहानी: रुके रुके से कदम
“✍️पवन✍️✍️… मैं आ रही हूं, तुम मेरा इंतज़ार करना.” कहते हुए पूर्वा ने फोन रखा ही था कि तभी उसे कुणाल की आवाज़ सुनाई दी, “किससे बात हो रही है? और कहां जाने की तैयारी है?” कुणाल ने उसके बगल में बैठते हुए पूछा. “✍️कुछ✍️✍️ नहीं, बस एक सहेली से मिलने का प्रोग्राम बना रही … Read more